कभी मैं सोचता हूँ की मेरे इस दुनिया मैं होने की क्या वजह है ? आखिर क्यों मैं यहाँ हूँ ? क्या यहाँ मेरी ज़रूरत है भी या नही कुछ इन्हीं सवालों क जवाब अक़सर ढूंढने बैठ जाता हूँ, बहुत पहले की बात है जब मैं छोटा हुआ करता था और हवा मैं उड़ते हुए हवाई जहाज़ को देख कर सोचता था के यह हवा मे उड़ने वाले लोग जाते कहाँ है, शायद इनका अब इस दुनिया मैं काम पूरा कर किसी नयी दुनिया में जाते है. उस वक़्त मैं कुछ गलत न सोचता था एक ना एक दिन हम सभी को यहाँ से जाना होगा किसी का काम पूरा हो जायेगा तो किसी का नही.
शेष आगे !!!
शेष आगे !!!